समतल में आकृतियों का रूपांतरण
स्थानांतरण (Translation)
Section titled “स्थानांतरण (Translation)”स्थानांतरण (Translation) किसी आकृति के प्रत्येक बिंदु को एक निश्चित दिशा में समान दूरी तक विस्थापित करता है। इसमें आकृति का आकार, माप और अभिविन्यास (orientation) अपरिवर्तित रहते हैं; केवल उसकी स्थिति बदलती है।
घूर्णन (Rotation)
Section titled “घूर्णन (Rotation)”घूर्णन (Rotation) किसी आकृति को एक निश्चित केंद्र (center) के चारों ओर एक विशिष्ट कोण पर घुमाता है। केंद्र से प्रत्येक बिंदु की दूरी स्थिर रहती है, इसलिए प्राप्त आकृति मूल आकृति के सर्वांगसम (congruent) होती है।
प्रतिबिंब (Reflection)
Section titled “प्रतिबिंब (Reflection)”प्रतिबिंब (Reflection) किसी आकृति को एक ‘दर्पण रेखा’ (mirror line) के सापेक्ष उलट देता है। मूल आकृति का प्रत्येक बिंदु और उसका प्रतिबिंब, उस रेखा से समान दूरी पर होते हैं, और उन्हें जोड़ने वाला रेखाखंड दर्पण रेखा पर लंबवत होता है।